हो जाएँ सावधान अगर कोरोना मामले मे ये काम किए तो होगी 2 साल के सज़ा

भारत में कोरोना वायरस के तेजी से फैलने के कारण कल प्रधानमंत्री मोदी जी ने देश में लॉकडाउन को 3 मई तक के लिए बढ़ा दिया है।भारत में कोरोना वायरस को लगाम लगाने के लिए दूसरे चरण का लॉकडाउन में कई निर्देश भी जारी की गई है।

गृह मंत्री ने आज जारी किया गाइड लाइंस

पीएम मोदी जी कहे थे की इस बार कोरोना पर और सक्त होने को जरूरत है।इस वजह से दूसरे फेज का लॉकडाउन और भी सख्त होते महसूस नजर आ रहा है।निर्देश यह आया है कि अगर इस लोक डॉन के दौरान कोई व्यक्ति झूठा दावा करता है तो उसे 2 साल की सजा होगी।वही अफवाह फैलाने पर 1 साल की सजा दिए जाने का प्रावधान किया गया है।

अधिकारी से दुर्व्यवहार करने 1 साल की सजा

गृह मंत्री ने आज गाइडलाइंस जारी करते हुए कई विषयों पर सख्त कानून बनाया है। हाल में ही कई जगह है यह देखा गया है कि लोग सरकारी अधिकारियों,कर्मचारियों से दूर व्यवहार करते नजर आए। अब इस नई गाइडलाइंस में यह साफ कर दिया गया है कि सरकार द्वारा अधिकृत किसी भी कर्मचारी या अधिकारी से दुर्व्यवहार करने पर उस शख्स को 1 साल की सजा या जुर्माना हो सकता है।

झूठा दावा पेश करने पर 2 साल की सजा

मंत्रालय ने यह भी साफ किया है कि कोरोना वायरस कि इस संकट में अगर कोई शख्स इस महामारी को रोकने या इसके संबंध में कोई झूठा दावा पेश करता है तो उसे 2 साल की सजा हो सकती है।

अफवाह फैलाने पर 1 साल की सजा

वही अफवाह फैलाने वालों पर भी इस गाइडलाइंस में साफ कर दिया गया है कि लोगों को परेशान करने फेक न्यूज़ और गलत सूचना देने वालों को 1 साल की सजा हो सकती है।

ड्यूटी से गायब रहने पर …..

वहीं सरकार ने इस लॉकडाउन में ड्यूटी से गायब रहने वाले अधिकारियों के लिए भी नई गाइडलाइंस जारी की है। गाइडलाइंस में कही गई है कि अगर कोई अधिकारी अपने ड्यूटी से गायब रहते हैं तो उन पर सख्त से सख्त कार्यवाही होगी।ऐसे अधिकारियों को 1 साल या उससे भी अधिक समय के लिए जेल की हवा खानी पड़ सकती है।