सुप्रीम कोर्ट ने अर्नव गोस्वामी के गिरफ्तारी पर लगाया रोक, महाराष्ट्र सरकार को जारी किया नोटिस

महाराष्ट्र सरकार को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा झटका देते हुए पत्रकार अर्नव गोस्वामी की गिरफ्तारी पर रोक लगा दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने विशेषाधिकार हनन मामले में अर्नव गोस्वामी के गिरफ्तारी पर रोक लगाई है। इतना ही नहीं सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र विधानसभा सचिव को अवमानना की नोटिस भी दी है।

सुप्रीम कोर्ट ने आज कहा कि महाराष्ट्र विधानसभा सचिव के खिलाफ अदालत की अवमानना का कारण बताओ नोटिस क्यों नहीं जारी किया जाए। याचिका अर्नव गोस्वामी को महाराष्ट्र विधानसभा सचिव ने  विशेषाधिकार नोटिस जारी किया था।

सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि याचिकाकर्ता अर्नव गोस्वामी को उनके मामले के खिलाफ विशेषाधिकार नोटिस में सुनवाई तक बिल्कुल है गिरफ्तार नहीं किया जा सकता है। बता दे कि महाराष्ट्र विधानसभा सचिव ने महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे की आलोचना के कारण अर्णव गोस्वामी के खिलाफ विशेषाधिकार नोटिस जारी क्या था।

बुधवार को अर्णव को किया गया था गिरफतार

गौरमतलब है कि अरुण गोस्वामी को मुंबई के नजदीक रायगढ़ जिले से बुधवार की सुबह को करीब 8:00 बजे गिरफ्तार किया गया था। इनकी गिरफ्तारी 2 साल पुराने एक मामले में हुई थी। मामला 2018 का है, जिसमें अलीबाग में वास्तुविद अनुभव नाइक ने अपने बंगले में आत्महत्या कर लिया था, इसके साथ इनकी मां कुसुम भी आत्महत्या कर ली थी। वहां जो सुसाइड नोट बरामद हुआ था उसमें तीन कंपनियों पर पैसा नहीं देने का आरोप लगाया गया था। इनमें से एक कंपनी अर्नव गोस्वामी की थी। जिसमें उन्हें 83 लाख रुपए देने की बात कही गई थी। इसी को लेकर अर्णव गोस्वामी की गिरफ्तारी हुई है।