अब इस देश पर टूटा कोरोना का कहर,नहीं मिल रहा है लाशों को दफनाने की जगह!

ऐसे तो पूरे विश्व मे कोरोना का कहर अभी जारी है, परंतु हाल में ही अब इस देश पर कोरोना का कहर ऐसे बरसा है कि इस देश मे लाशों को दफनाने के लिए जगह नहीं मिल रही है।जी हां पिछले 48 घंटों में यहां कोरोना के केस संख्या में काफी वृद्धि हुई है।आप इसकी गंभीरता का अंदाजा इस बात से लगा सकते हैं कि यहां 24 घंटे में कोरोना की वजह से 1179 लोगों की मृत्यु हो चुकी है।

ब्राजील की बरसा कोरोना कहर

ब्राजील की बरसा कोरोना कहर
ब्राजील की बरसा कोरोना कहर

जिस देश में अभी कोरोना अपना कहर बरपाया है उस देश का नाम ब्राज़ील है।इस दक्षिण अमेरिकी देश कोरोना के मामले में अब रूस को पीछे छोड़ते हुए पूरी दुनिया में दूसरे नंबर पर आ चुका है।इस देश की हालत इतनी बदतर हो गई है कि वहां के सबसे बड़े कब्रिस्तान में शवों को दफनाने की जगह कम पड़ने लगी है।कुछ लोग अपने परिजनों के शवों को  कब्रिस्तान के बाहर छोड़कर जाने लगे हैं।

काफी हुई कोरोना की संख्या मे वृद्धि

ब्राजील काफी हुई कोरोना की संख्या मे वृद्धि
ब्राजील काफी हुई कोरोना की संख्या मे वृद्धि

बता दें कि इससे पहले 12 मई को 1 दिन में कोरोना ने 881 लोगों को मौत के घाट उतार दिया था।ब्राजील में 319069 कोरोना   संक्रमित लोगों की पुष्टि हो चुकी है।वहीं इस महामारी से जान जाने वालों की संख्या 20541 हो चुकी है।यहां पर कोरोना से लोगों की जान इतनी तेजी से जा रही है कि कब्रिस्तान में दफनाने में जगह अब नि मिल रही ।

नहीं मिल रहा शवो को दफनाने की जगह

ब्राजील मे नहीं मिल रहा शवो को दफनाने की जगह
नहीं मिल रहा शवो को दफनाने की जगह

अधिकारियों के मुताबिक ब्राजील की हालत और आगे खराब हो सकती है।ब्राजील के साओ पालो मे लैटिन अमेरिकी देश का सबसे बड़ा कब्रिस्तान विला फोरमोनसा है।इस कब्रिस्तान में शवों को दफनाने के लिए कर्मचारी 12 घंटे की ड्यूटी कर रहे हैं,फिर भी शवों को दफनाने का काम पूरा नहीं हो पा रहा है।यहां के कर्मचारियों के मुताबिक जब तक 1 शव को दफनाते हैं तब तक 15 नए शव दफनाने को आ जाते हैं।अब यहां रात को ही शवों को दफनाने का काम शुरू कर दिया गया है।

सड़कों पर छोड़ जा रहे शव

परंतु अब इतनी संख्या में लोगों के शव आने से यहां पर शवो के दफनाने की जगह अब कम पड़ने लगी है।इससे यहां का बुरा हाल है।कई लोग अपने परिजनों के दफनाने के इंतजार में उनके शवों को कब्रिस्तान के बाहर की छोड़ जा रहे हैं। कुछ लोग अपने परिजनों के शव को सड़कों पर ही छोड़कर जाने लगे हैं।